भारी विदेशी निवेश के चलते लगातार 5वें दिन बाजार में तेजी, निफ्टी 14 हजार के करीब

भारी विदेशी निवेश के चलते शेयर बाजार में आज लगातार पांचवे दिन बढ़त है। सेंसेक्स 148 अंकों की बढ़त के साथ 47,502.18 पर कारोबार कर रहा है। हालांकि इंडेक्स ने इंट्राडे में 47,714.55 के स्तर को छुआ। सेंसेक्स की तेजी को स्टेट बैंक, HDFC, बजाज और TCS के शेयर लीड कर रहे हैं। लिस्टेड कंपनियों का टोटल मार्केट कैप भी 187.02 लाख करोड़ रुपए के पार पहुंच गया है, जो शुरुआत में 188 लाख करोड़ रुपए का स्तर को टच कर दिया था। BSE में कुल 2,977 कंपनियों के शेयरों में ट्रेड हो रहा है। इसमें 1,326 के शेयर बढ़त और 1,480 शेयर गिरावट के साथ कारोबार कर रहे हैं।

दूसरी ओर निफ्टी इंडेक्स भी 25.60 अंक ऊपर 13,898.80 पर कारोबार कर रहा है। इंडेक्स ने कारोबार के दौरान 13,967.60 के स्तर को छुआ। निफ्टी का टॉप गेनर इंडसइंड बैंक का शेयर है, जो 3.44% ऊपर 896.80 रुपए के भाव पर कारोबार कर रहा है। इसके अलावा HCL टेक और टेक महिंद्रा के शेयर 1-1% की बढ़त के साथ कारोबार कर रहे हैं। जबकि ऑटो और मेटल सेक्टर में गिरावट के चलते NTPC, कोल इंडिया और हिंडाल्को के शेयर 1-1% से ज्यादा की गिरावट के साथ कारोबार कर रहे हैं। सुबह BSE सेंसेक्स 112.87 अंक ऊपर 47,466.62 पर और निफ्टी 37 अंक ऊपर 13,910.35 पर खुला था।

बाजार में तेजी की प्रमुख वजह

  • घरेलू बाजार में लगातार जारी भारी विदेशी निवेश
  • अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने 900 बिलियन डॉलर के राहत पैकेज पर हस्ताक्षर किया
  • कोरोना वैक्सीन को लेकर लगातार पॉजिटिव अपडेट
  • ब्रैग्जिट डील की खबर से यूरोपियन बाजारों में तेजी
  • अन्य एशियाई बाजारों में रिकॉर्ड तेजी

एशियाई बाजारों में भी खरीदारी

यूरोप और अमेरिकी बाजारों में रिकॉर्ड तेजी के चलते मंगलवार को अन्य एशियाई बाजारों में तेजी है। इसमें जापान का 30 साल के उच्चतम स्तर निक्केई इंडेक्स 734 अंक (2.74%) ऊपर 27,589 पर बंद हुआ है। इसके अलावा हॉन्गकॉन्ग का हेंगसेंग इंडेक्स भी 248 अंकों की बढ़त के साथ 26,563 पर कारोबार कर रहा है। वहीं, चीन का शंघाई कंपोजिट इंडेक्स 18 अंक नीचे 3,379 पर बंद हुआ।

भारी विदेशी निवेश

सोमवार को विदेशी निवेशकों (FII) ने 1,588.93 करोड़ रुपए के शेयर खरीदे थे। दूसरी ओर घरेलू निवेशकों (DII) ने 1,386.55 करोड़ रुपए के शेयर बेचे थे। इस साल भारतीय कंपनियों ने प्राइमरी और सेकेंडरी मार्केट से 1.78 लाख करोड़ रुपए जुटा चुकी हैं। 2020 में मार्च के बाद फैले महामारी के बावजूद, इक्विटी बाजारों के माध्यम से 1 लाख 77 हजार 468 करोड़ रुपए जुटाया गया। यह आंकड़ा अब तक का आल टाइम हाई है। इससे पहले किसी एक कैलेंडर वर्ष में सबसे ज्यादा जुटाई गई रकम 2017 में 1 लाख 60 हजार 032 करोड़ रुपए थी। जबकि पिछले साल यानी 2019 में यह आंकड़ा 82 हजार 241 करोड़ रुपए था। इसकी तुलना में 2020 में 116% ज्यादा रकम जुटाई गई है।

सोमवार को सेंसेक्स 47 हजार के पार बंद

कल हफ्ते के पहले कारोबारी दिन में BSE सेंसेक्स ने अच्छी छलांग लगाई। इंडेक्स 380.21 अंकों की बढ़त के साथ पहली बार 47 हजार 353.75 के स्तर पर बंद हुआ था। जबकि नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का निफ्टी 100 अंक से ज्यादा बढ़कर 13,873 अंक पर बंद हुआ था। सोमवार को बाजार में टीसीएस का शेयर पहली बार 2,949 तक पहुंचा। साथ ही इसका मार्केट कैप भी पहली बार 11 लाख करोड़ रुपए को पार किया। सुबह सेंसेक्स 180 अंक की बढ़त के साथ 47,153 अंक पर खुला था। फाइनेंशियल और रियल्टी शेयरों में कल शानदार बढ़त दर्ज की गई।

यूरोप के बाजारों में जमकर हुई खरीदारी

कल यूरोप के बाजारों में ब्रैग्जिट डील की खबर का असर देखने को मिला। दरअसल, अब EU से ब्रिटेन अलग हो गया है। इससे सोमवार को यूरोप के बाजारों में खासकर फ्रांस और जर्मनी के प्रमुख इंडेक्स में अच्छी बढ़त के साथ बंद हुए। इसमें फ्रांस का CAC इंडेक्स 66 अंक (1.20%) ऊपर 5,588 पर बंद हुआ था। जर्मनी का DAX इंडेक्स 203 अंकों (1.49%) की बढ़त के साथ 13,790 पर बंद हुआ था। इसके अलावा ब्रिटेन का FTSE इंडेक्स भी हल्की बढ़त के साथ 6,502 पर बंद हुआ था।

अमेरिकी बाजारों में बढ़त

सोमवार को अमेरिकी बाजारों में तेजी देखने को मिली। डाउ जोंस इंडेक्स 0.68% की बढ़त के साथ 204 अंक ऊपर 30,404 पर बंद हुआ था। इसी तरह S&P 500 इंडेक्स 32 अंक ऊपर 3,735 पर बंद हुआ था। इसके अलावा नैस्डैक इंडेक्स भी 94 अंक ऊपर 12,899 पर बंद हुआ था। अमेरिकी बाजारों में तेजी की बड़ी वजह राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा 900 बिलियन डॉलर के राहत पैकेज पर दस्तखत किया।