नई दिल्ली : भारतीय रेलवे (Indian Railway) यात्री किराये को न बढ़ाकर कमाई के दूसरे तरीकों पर जोर दे रहा है. रेल मंत्री (Railway Minister) पीयूष गोयल ने बताया है कि भारतीय रेलवे ने 2018-19 के दौरान प्लेटफार्म टिकट बेचकर 139.20 करोड़ रुपये की कमाई की है. इसके अलावा 230.47 करोड़ रुपये विज्ञापन और रेलवे स्टेशनों पर दुकानों के जरिये कमाए.

राज्य सभा में रेल मंत्री ने दी जानकारी
पीयूष गोयल ने राज्य सभा में एक सवाल के जवाब में कहा कि रेलवे किराये के अलावा कमाई के दूसरे तरीकों पर जोर दे रहा है. ताकि यात्रियों पर भार न पड़े और रेलवे की आमदनी में बढ़ोतरी भी हो. उन्होंने बताया कि ट्रैक इलेक्ट्रिफिकेशन प्रोजेक्ट के लिए रेलवे को एशियन डेवलपमेंट बैंक (एडीबी) से 75 करोड़ अमेरिकी डॉलर का लोन मिला है.

दूसरे माध्यमों से आमदनी बढ़ाने की योजना
गोयल ने बताया कि रेलवे अधिक आमदनी पाने की कोशिश कर रहा है. इस बारे में उन्होंने अपनी योजनाओं के बारे में बताया. उन्होंने बताया कि रेलवे ने मोबाइल एसेट, विज्ञापन, रेल डिस्प्ले नेटवर्क और कॉन्टेंट ऑन डिमांड जैसे गैर-किराया माध्यमों से आमदनी बढ़ाने की नीति अपनाई है.
रेलवे के आधुनिकीकरण के बारे में उन्होंने कहा कि भारत सरकार ने रेलवे के लिए 132 अरब डॉलर का पांच वर्षीय कैपिटल एक्सपेंडिचर प्रोग्राम बनाया है. इस योजना के तहत रेलवे ट्रैक के इलेक्ट्रिफिकेशन, नेटवर्क विस्तार और सुरक्षा तथा यात्री सुविधाओं को बढ़ाने पर जोर दिया जाएगा. इसके अलावा रेलवे डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर, स्टेशन रीडेवलपमेंट और रोलिंग स्टॉक्स की खरीद पर भी जोर देगी.