बिहार के छपरा में प्रेम-प्रसंग का अजीबोगरीब मामला सामने आया है। छपरा के भेल्दी में मां ने बेटी का अपहरण करने का थाने में केस दर्ज कराया। जिसके बाद पुलिस युवती की तलाश शुरू कर दी। पुलिस की दबिश के कारण बेटी ने थाने में आत्मसमर्पण कर दिया।
सीजेएम अदालत में युवती ने अपने ही जीजा पर उसे बेचने और उससे अधिक उम्र के व्यक्ति से शादी कराने का आरोप लगाया। लेकिन अदालत में उसने इस बात को स्वीकार किया कि उसे अपने उम्रदराज पति से प्रेम है। आगे उसने अपहरण करने वाले के साथ ही रहने की इच्छा जताई।

इसके बाद अदालत ने भी युवती को अपने प्रेमी के साथ रहने का आदेश दे दिया। यह मामला भेल्दी थाना क्षेत्र के योगिनी परसा गांव का है। कुछ महीने पहले ही विनोद सिंह की पत्नी प्रियंका ने थाने में अपने बेटी के अपहरण होने की प्राथमिकी दर्ज करावाई थी।

प्राथमिकी में कहा था कि उनकी पुत्री 13 मई को दिन में 11:00 बजे गड़खा बाजार गई थी, लेकिन वह देर शाम तक भी नहीं लौटी। इसके बाद हमने आसपास के रिश्तेदारों में काफी देर तक खोजबीन की, लेकिन बेटी का कहीं पता नहीं चला।

बाद में पता चला कि सोनपुर थाना क्षेत्र के भरपुरा निवासी सोहन ठाकुर उनकी पुत्री को बाइक पर बिठा कर शादी की नियत से लेकर चला गया है। इस मामले में सोहन ठाकुर और उसकी मां उर्मिला देवी तथा पिता रामलाल ठाकुर को नामजद अभियुक्त बनाया गया।

इसके बाद आरोपियों को पकड़ने के लिए लगातार छापेमारी करने लगी। इससे युवती के साथ ही उसके घर वाले को काफी परेशानी होने लगी। बार-बार पुलिस छापेमारी होने पर पूजा देवी ने भेल्दी थाने में आत्मसमर्पण कर दिया।